Thursday, 30 June 2011

जिस साईं ने दर्द दिया है वो ही दवा भी देगा...

धीरज रख वो रहमत की
बरखा बरसा भी देगा.
जिस साईं ने दर्द दिया है
वो ही दवा भी देगा...

तोड़ कभी ना आस की डोरी ,
खुशियाँ देगा भर-भर बोरी.
मगर वो गम की परछाई से
तुजे डरा भी देगा...
जिस साईं ने...

मांग मैं भर बिंदिया से पहले
नाम वही निंदिया से पहले.
एक दिन वो तेरी आशा को
इक चेहेरा भी देगा...
जिस साईं ने...

बढ जायेगी हिम्मत तेरी
घटेगी जब घनघोर अँधेरी.
बूंद-बूंद तर्सानेवाला
जाम पिला भी देगा...
जिस साईं ने...

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